मुनिराज संघ का मंगल प्रवेश 2 जुलाई को नांद्रे में: इंदौर से विहार कर दहीगांव तक पहुंचे मुनिराज
नांद्रे के इतिहास में चातुर्मास के लिए पहली बार पट्टाचार्य विशुद्धसागर जी महाराज के शिष्य मुनिश्री सारस्वत सागर जी, जयंत सागर जी, सिद्ध सागर जी और श्रुतसागर महाराज जी का इंदोर से नांद्रे तक 800 किमी पद विहार हो रहा है। यहां इसकी तैयारियां की जा रही है। वर्तमान में वे दहीगांव में
इंदौर • Shreephal Jain News • 20-06-2025, 05:15 pm





















