रामगंजमंडी। सकल दिगंबर जैन समाज रामगंजमंडी के 115 श्रद्धालुओं का संघ शनिवार सुबह तीर्थ वंदना एवं पूज्य मुनिश्री 108 निष्पक्ष सागर महाराज तथा पूज्य मुनिश्री 108 निस्पृह सागर महाराज के वर्षायोग कलश स्थापना समारोह में सहभागी बनने के लिए अजमेर रवाना हुआ। धर्मयात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह और भक्ति का माहौल रहा। परम मुनि भक्त सिद्धार्थ जैन बाबरिया एवं समाज के वरिष्ठजनों ने मंगलभावनाओं के साथ हरी झंडी दिखाकर बस को रवाना किया।
9 अगस्त को कलश स्थापना समारोह
परम पूज्य आचार्य श्री 108 विद्यासागर जी महाराज के परम शिष्य एवं आचार्य श्री 108 समयसागर जी महाराज के आज्ञानुव्रती शिष्य मुनिश्री 108 निष्पक्ष सागर महाराज एवं मुनिश्री 108 निस्पृह सागर महाराज वर्तमान में अजमेर स्थित जिनशासन तीर्थ में विराजमान हैं। दोनों मुनिश्री के वर्षायोग कलश स्थापना समारोह का आयोजन 9 अगस्त को अजमेर में होगा। रामगंजमंडी से पहुंच रहा संघ इस धार्मिक आयोजन में सहभागी बनेगा।
बिजोलिया से नारेली तक तीर्थ वंदना
धार्मिक प्रवास के दौरान श्रद्धालु बिजोलिया तीर्थ, चवलेश्वर पार्श्वनाथ, स्वस्तिधाम तीर्थ जहाजपुर एवं गुलगांव तीर्थ की दर्शन-वंदना करेंगे। इसके बाद ज्ञानोदय तीर्थ नारेली, अजमेर पहुंचकर दर्शन किए जाएंगे। नारेली में रात्रि विश्राम के बाद रविवार को श्रद्धालु अजमेर स्थित जिनशासन तीर्थ पहुंचकर मुनि संघ के वर्षायोग कलश स्थापना समारोह में धर्मलाभ प्राप्त करेंगे।
भव्य जिनालय निर्माण की मंगल भावना
परम मुनि भक्त सिद्धार्थ जैन बाबरिया ने कहा कि पूज्य मुनि संघ की प्रेरणा एवं मार्गदर्शन से रामगंजमंडी में वर्षों से प्रतीक्षित ऐतिहासिक कार्य अब साकार हो रहा है। मूलनायक श्री शांतिनाथ भगवान का भव्य स्वरूप रामगंजमंडी में विराजमान हो चुका है और विशाल जिनालय निर्माण का कार्य प्रगति पर है। समाज की भावना है कि गुरुदेव की प्रेरणा और आशीर्वाद से मंदिर निर्माण शीघ्र पूर्ण हो तथा चातुर्मास के बाद मुनि संघ पुनः रामगंजमंडी आए।
चार माह का प्रवास आज भी स्मृतियों में
सिद्धार्थ जैन बाबरिया ने कहा कि पूज्य महाराज श्री संघ का रामगंजमंडी में रहा चार माह का पावन प्रवास आज भी नगरवासियों के स्मृति पटल पर अंकित है। उस दौरान नगर में धर्म, भक्ति और साधना की जो ऊर्जा प्रवाहित हुई, उसका प्रभाव आज भी समाज में दिखाई देता है। श्रद्धालु गुरुदेव के दर्शन और पुनः रामगंजमंडी आगमन की भावना के साथ अजमेर जा रहे हैं।
यात्रा व्यवस्था में इनका रहा सहयोग
115 श्रद्धालुओं के धार्मिक प्रवास की बस व्यवस्था एवं संयोजन में प्रदीप जैन सोनी, राकेश जैन बाकलीवाल एवं प्रकाश विनायका की सक्रिय भूमिका रही। वर्षायोग कलश स्थापना समारोह में सहभागी बनने के बाद संघ रविवार मध्यरात्रि तक रामगंजमंडी लौटेगा। समाज के अन्य श्रद्धालुओं के निजी वाहनों से भी अजमेर पहुंचने की संभावना है।
‘अनंत जन्मों के पुण्य का उदय’
यात्रा पर रवाना हुए श्रद्धालुओं ने कहा कि तीर्थ वंदना के साथ पूज्य मुनि संघ के दर्शन और वर्षायोग कलश स्थापना समारोह में सहभागी बनने का अवसर अनंत जन्मों के पुण्य का उदय है। श्रद्धालुओं के मन में तीर्थ वंदना, गुरुदेव के दर्शन और पुनः रामगंजमंडी में मुनि संघ के मंगल आगमन की भावना के साथ धार्मिक प्रवास प्रारंभ हुआ।


