सनावद। जैन धर्मायतनों के संरक्षण, सामाजिक जनजागरण और पत्रकारिता की जिम्मेदारी को लेकर रायपुर में आयोजित राष्ट्रीय जैन पत्रकार सम्मेलन में व्यापक विचार-विमर्श हुआ। जैन पत्रकार महासंघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं वरिष्ठ समाजसेवी राजेंद्र जैन महावीर ने विशेष वक्तव्य में कहा कि पत्रकारिता समाज को दिशा देने का सशक्त माध्यम है।
तथ्य और सरोकारों से जुड़ी हो पत्रकारिता
राजेंद्र जैन महावीर ने कहा कि सकारात्मक और तथ्यपरक पत्रकारिता से समाज में जागरूकता का वातावरण बनता है। उन्होंने पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5W और 1H—कौन, क्या, कब, कहाँ, क्यों और कैसे—का उल्लेख करते हुए कहा कि समाचार केवल सूचना तक सीमित न रहें, बल्कि सत्य, तथ्य और सामाजिक सरोकारों को सामने लाएं।
उन्होंने जैन धर्मायतनों, प्राचीन धरोहरों तथा धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में पत्रकारों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
जनगणना में स्पष्ट लिखें ‘जैन’
महावीर ने कहा कि पिछली जनगणना में जैन समुदाय की संख्या करीब 44 लाख दर्ज हुई थी, जो समाज की वास्तविक संख्या से बहुत कम मानी जाती है। उन्होंने आगामी जनगणना में प्रत्येक जैन परिवार से धर्म के कॉलम में स्पष्ट रूप से ‘जैन’ दर्ज करवाने का आग्रह किया। पत्रकारों से भी इस विषय पर जनजागरण अभियान चलाने की अपील की गई।
पत्रकारिता योगदान के लिए सम्मान
मास्टर ऑफ जर्नलिज्म की उपाधि प्राप्त राजेंद्र जैन महावीर जैन गजट सहित अनेक जैन पत्र-पत्रिकाओं के संपादन और पत्रकारिता से सक्रिय रूप से जुड़े हैं। सम्मेलन में उनके योगदान को सम्मानित करते हुए स्मृति चिह्न एवं प्रशस्ति-पत्र प्रदान किया गया।
संत सान्निध्य में हुआ आयोजन
छत्तीसगढ़ जैन समाज द्वारा आयोजित सम्मेलन मुनिश्री आगमसागर जी महाराज, मुनिश्री पुनीतसागर जी महाराज, ऐलक श्री धैर्यसागर जी महाराज एवं ऐलक श्री स्वागतसागर जी महाराज के सान्निध्य में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन में राज्य मंत्री का दर्जा प्राप्त लोकेश कावड़िया, बनारस विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग के प्रोफेसर एवं प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के सदस्य डॉ. बलदेवराज गुप्ता, न्यूज 24 के डायरेक्टर नमित जैन, पारस चैनल के चेयरमैन प्रकाश मोदी, दैनिक विश्व परिवार के प्रधान संपादक प्रदीप जैन, दैनिक आचरण सागर के संपादक एवं पूर्व विधायक सुनील निधि जैन, जैन पत्रकार महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष रमेश तिजारिया, महामंत्री उदयभान, प्रचार मंत्री महेंद्र बैराठी तथा बुंदेलखंड संयोजक सेठ भरत जैन घुवारा सहित देशभर के पत्रकार उपस्थित रहे।
वक्ताओं ने सकारात्मक पत्रकारिता, जनगणना में जैन धर्म की स्पष्ट पहचान दर्ज कराने तथा जैन विरासत के संरक्षण को लेकर दिए गए राजेंद्र जैन महावीर के वक्तव्य की सराहना की।
श्रीफल साथी : सनावद




