जयपुर। जैन समाज के पवित्र पर्व पर्युषण एवं दशलक्षण पर्व के दौरान मांसाहार की बिक्री पर रोक लगाने की अखिल भारतवर्षीय धर्म जागृति संस्थान, प्रांत- राजस्थान ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा तथा राज्य मंत्री झाबर सिंह खर्रा को पत्र के माध्यम से संवत्सरी पर्व 15 सितंबर, अनंत चतुर्दशी 25 सितंबर एवं क्षमावाणी पर्व 27 सितंबर के अवसर पर प्रदेशभर में मांस विक्रय केंद्र, बूचड़खाने तथा अंडा-मछली-मांस विक्रय केंद्र बंद रखने की मांग की। इस पर जैन समाज की मांग को स्वायत्त शासन विभाग द्वारा जारी आदेश 9 सितंबर को जारी करने पर समाज ने राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया है ।
संस्थान के राष्ट्रीय प्रचार मंत्री संजय जैन बडजात्या कामवन के अनुसार कामां के पूर्व प्रधान रविंद्र जैन जुरहरा व संस्थान के प्रांतीय अध्यक्ष पदम जैन बिलाला ने 15 सितंबर को संवत्सरी, 25 सितंबर को अनंत चतुर्दशी तथा इस बार 27 सितंबर को क्षमावाणी पर्व के अवसर पर भी सभी संबंधित मांस विक्रय केंद्र, पशु वध प्रतिष्ठान, बूचड़खाने तथा अंडा-मछली विक्रय केंद्र बंद रखने के स्पष्ट आदेश जारी किए जाने की सरकार की सराहना की है। साथ ही आग्रह किया है कि तीनों प्रमुख पर्वों पर पूर्ण रूप से आदेशों की पालना सुनिश्चित कराई जाए तथा समाज से आह्वान किया है कि सजग रहते हुए नगरपालिका व स्थानीय थाने में भी आदेश की प्रति भेज आदेश की पालना सुनिश्चित करवाई जाए।




