सागर। पूज्य गणेश प्रसाद वर्णी जी की 153वीं जन्मजयंती पर वर्णी विकास सभा एवं जनकल्याण समिति के तत्वावधान में विभिन्न स्थानों पर कार्यक्रम आयोजित किए गए। सागर के वर्णी भवन, मोराजी में मुख्य आयोजन आचार्यश्री 108 विभवसागर जी महाराज ससंघ के सान्निध्य में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति श्रीमती विमला जैन रहीं। आईएएस सुरेश जैन, भोपाल विशेष अतिथि तथा अधिष्ठाता पं. जीवंधर शास्त्री, जबलपुर उपस्थित रहे। संस्थान विकास सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष पं. जयंत शास्त्री, सीकर ने अध्यक्षता की।

विद्वानों का सम्मान, विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति

मंगलाचरण और दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। विकास सभा के महामंत्री कैलाश जैन टीला, कोषाध्यक्ष प्रकाश जैन एवं संयोजक विनोद जैन एलआईसी ने मंचासीन अतिथियों का शॉल, अंगवस्त्र, माला एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मान किया।

कार्यक्रम में वर्णी जी के कार्यों के लिए योगदान देने वाले विद्वानों का सम्मान किया गया तथा पर्युषण पर्व के दौरान धर्मप्रभावना करने वाले विद्वानों का अभिनंदन किया गया। 100 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान की गई। महिला आश्रम की 90 छात्राओं को छाते, रजिस्टर और पेन वितरित किए गए।

आचार्यश्री विभवसागर जी महाराज ने वर्णी जी से जुड़े प्रेरक संस्मरण सुनाते हुए उनके आदर्शों को जीवन में उतारने का संदेश दिया। विद्वानों ने भी वर्णी जी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विचार रखे।

जन्मभूमि हंसेरा और मड़ावरा में भी आयोजन

वर्णी जी की जन्मभूमि हंसेरा में भी जयंती कार्यक्रम आयोजित किया गया। वर्णी बाल संस्कार केंद्र के बच्चों ने सांस्कृतिक एवं धार्मिक प्रस्तुतियां दीं। बच्चों को रजिस्टर, पेन एवं छाते वितरित किए गए।

मड़ावरा में मुनि श्री नीरजसागर जी एवं मुनि श्री निर्मदसागर जी महाराज ससंघ के सान्निध्य में श्रद्धालुओं को वर्णी जी के जीवन-प्रसंगों से मार्गदर्शन मिला। श्री दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र गिरारगिरि जी में आर्यिका श्री 105 विंध्यश्री माताजी ससंघ के सान्निध्य में विचार गोष्ठी आयोजित की गई, जिसमें विद्वानों ने वर्णी जी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर आलेख प्रस्तुत किए।

नेमीनगर इंदौर में स्मारिका विमोचन

नेमीनगर जैन कॉलोनी, इंदौर में आचार्यश्री 108 सुनीलसागर जी महाराज के मंगल सान्निध्य में वर्णी जयंती एवं आचार्यश्री के अवतरण दिवस के अवसर पर भव्य आयोजन हुआ। वर्णी विकास सभा की ओर से छह विद्वानों को वर्णी पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर वर्णी संदेश एवं युगदृष्टा स्मारिका का विमोचन किया गया। मध्यप्रदेश डाक विभाग द्वारा आचार्यश्री सुनीलसागर जी महाराज पर जारी विशेष आवरण का भी विमोचन हुआ।

कार्यक्रमों का संचालन चंद्रेश शास्त्री, मनीष विद्यार्थी एवं राजकुमार शास्त्री ने किया। संयोजन विनोद जैन एलआईसी, मनीष विद्यार्थी, राजीव जैन मड़ावरा एवं डॉ. अरविंद जैन इंदौर ने किया। वर्णी विकास सभा, जनकल्याण समिति के पदाधिकारी, श्रेष्ठीजन एवं विद्वान उपस्थित रहे।

श्रीफल साथी : मनीष विद्यार्थी, सागर