दिल्ली। प्रशममूर्ति आचार्य श्री 108 शांतिसागर जी महाराज (छाणी) परंपरा के प्रमुख संत परम पूज्य आचार्य श्री 108 अतिवीर जी मुनिराज के 21वें मंगल चातुर्मास 2026 के लिए राजधानी दिल्ली की धर्मनगरी शक्ति नगर में भव्य चातुर्मास कलश स्थापना समारोह 2 अगस्त 2026 को रजवाड़ा पैलेस, जी.टी. करनाल रोड पर व्यापक धर्मप्रभावना के साथ संपन्न हुआ।
मांगलिक क्रियाओं के साथ हुआ शुभारंभ
चातुर्मास कलश स्थापना समारोह में समाज के सौभाग्यशाली महानुभावों द्वारा ध्वजारोहण, मंगलाचरण, चित्र अनावरण, जिनवाणी विराजमान, दीप प्रज्ज्वलन, शास्त्र भेंट एवं पाद-प्रक्षालन सहित विभिन्न मांगलिक क्रियाएं संपन्न की गईं। इन धार्मिक क्रियाओं का निर्देशन डॉ. अरविंद जैन शास्त्री, दिल्ली ने किया।
महिलाओं और बालिकाओं ने दी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
कार्यक्रम के दौरान समाज की महिलाओं एवं बालिकाओं ने विविध प्रेरक एवं मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। उपस्थित श्रद्धालुओं ने करतल ध्वनि से प्रस्तुतियों का उत्साहवर्धन किया। गुरुभक्तों ने अष्टद्रव्य से सुसज्जित थाल द्वारा आचार्यश्री की विशेष पूजन-अर्चना की।
मुख्य मंगल कलश सहित अन्य कलश स्थापित
सौभाग्यशाली परिवारों द्वारा चातुर्मास के मुख्य मंगल कलश सहित अन्य विशिष्ट कलश स्थापित किए गए। इस अवसर पर आचार्यश्री का पिच्छिका परिवर्तन भी हुआ। परम गुरु भक्तों ने आचार्यश्री को नवीन मयूर पिच्छिका भेंट की।
आचार्यश्री की पुरानी पिच्छिका प्राप्त करने का सौभाग्य श्री रवि जैन ‘खिलौने वाले’, अशोक विहार फेज-1, सपरिवार को प्राप्त हुआ।
चातुर्मास अंतरंग यात्रा का अवसर : आचार्य अतिवीर जी
विशाल धर्मसभा को संबोधित करते हुए आचार्य श्री अतिवीर जी मुनिराज ने कहा कि चातुर्मास बाह्य यात्रा को विराम देकर अंतरंग यात्रा को गति देने का स्वर्णिम अवसर है। यह समय जीवन को सन्मार्ग की ओर ले जाने का माध्यम बन सकता है।
उन्होंने कहा कि चातुर्मास श्रमण और श्रावक दोनों के लिए उपयोगी है। संत अपनी चर्या के अनुसार साधना करते रहेंगे, लेकिन श्रावकों को भी इस अवसर का लाभ लेने के लिए घर से निकलकर संतों की चरण-सन्निधि में पहुंचना चाहिए।
आध्यात्मिक जागरण का महोत्सव बने चातुर्मास
आचार्यश्री ने कहा कि शक्ति नगर की पावन धरा पर आयोजित यह चातुर्मास केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित न रहे, बल्कि आध्यात्मिक जागरण, आत्मशुद्धि और धर्मप्रभावना का विराट महोत्सव बने। इसके लिए नगरवासियों को सामूहिक रूप से प्रयास करना चाहिए।
संगीत प्रस्तुति ने बांधा समां
कार्यक्रम का संचालन सीए विवेक जैन, चांदनी चौक ने किया। राम कुमार एंड पार्टी, भोपाल ने अपनी सुमधुर संगीत प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
विभिन्न शहरों से पहुंचे हजारों श्रद्धालु
समारोह में समाज के अनेक गणमान्य एवं राजनीतिक महानुभावों ने उपस्थित होकर आचार्यश्री का मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया। उल्लेखनीय है कि 13 वर्षों के बाद आचार्यश्री ने पुनः शक्ति नगर जैन समाज को चातुर्मास प्रदान किया है।
भव्य समारोह में दिल्ली की विभिन्न कॉलोनियों के साथ-साथ गाजियाबाद, फरीदाबाद, सोनीपत, बागपत, बड़ौत, खेकड़ा, तिजारा, रेवाड़ी, गुरुग्राम, मेरठ, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, इंदिरापुरम सहित विभिन्न क्षेत्रों से हजारों मुनिभक्त पहुंचे। श्रद्धालुओं ने आचार्यश्री के चरणों में श्रीफल अर्पित कर मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया।
धर्म, संयम और आत्मशुद्धि का संदेश
आचार्यश्री के चातुर्मास से शक्ति नगर सहित आसपास के क्षेत्रों में धर्मप्रभावना को नई गति मिलने की उम्मीद है। श्रद्धालुओं ने चातुर्मास के दौरान अधिकाधिक धर्माराधना, स्वाध्याय, संयम और संत सान्निध्य का लाभ लेने का संकल्प व्यक्त किया।



